सूरत, 21 अक्टूबर । भारत–न्यूजीलैंड मुक्त व्यापार समझौते (FTA) का स्वागत करते हुए CAIT के नेशनल वाइस प्रेसिडेंट एवं टेक्सटाइल एंड गारमेंट कमेटी के नेशनल चेयरमैन चम्पालाल बोथरा ने कहा कि यह समझौता भारतीय कपड़ा एवं गारमेंट उद्योग, विशेषकर MSME और छोटे व्यापारियों के लिए अंतरराष्ट्रीय बाजार में नए अवसर खोल सकता है।
बोथरा ने कहा कि न्यूजीलैंड के बाजार में भारतीय उत्पादों को सभी टैरिफ लाइनों पर शून्य सीमा शुल्क की सुविधा मिलने से भारतीय निर्यातकों की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता बढ़ने की संभावना है। सूरत जैसे प्रमुख टेक्सटाइल केंद्र के पावरलूम, फैब्रिक, प्रोसेसिंग, प्रिंटिंग, एम्ब्रॉयडरी और गारमेंट उद्योग को इसका लाभ उठाने के लिए निर्यात गुणवत्ता, उत्पाद विविधता और समयबद्ध आपूर्ति पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि टेक्सटाइल MSME को न्यूजीलैंड के खरीदारों से जोड़ने के लिए Buyer-Seller Meets, अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनियों, निर्यात प्रशिक्षण, वित्तीय सहायता और सरकारी प्रोत्साहन योजनाओं को प्रभावी बनाया जाए। छोटे निर्यातकों को गुणवत्ता प्रमाणन, पैकेजिंग, निर्यात दस्तावेजों और विदेशी बाजारों की जानकारी भी उपलब्ध कराई जाए।
चम्पालाल बोथरा ने कहा कि समझौते में संवेदनशील कृषि एवं डेयरी उत्पादों के हितों का संरक्षण करते हुए निर्यात के नए अवसर विकसित करना एक सकारात्मक कदम है। भारत और न्यूजीलैंड का वर्ष 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को 7 अरब न्यूजीलैंड डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य भारतीय उद्योग के लिए महत्वपूर्ण संभावनाएं प्रस्तुत करता है।











